अवधी खबर संवाददाता
अम्बेडकरनगर।
जनपद के यूपीएस एचपी गैस ग्रामीण वितरक मिझौडा से जुड़े उपभोक्ताओं को इन दिनों गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। समय पर रसोई गैस उपलब्ध न होने के कारण उपभोक्ताओं को 2 से 3 दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है। गैस न मिलने से कई परिवार मजबूरी में फिर से चूल्हा और धुएं का सहारा लेने को विवश हैं, जिससे स्वास्थ्य पर प्रतिकूल असर पड़ रहा है।
स्थिति यह है कि सेनपुर चौराहे पर दो तथा आनापुर चौराहे पर एक फ्रेंचाइजी संचालित है, जहां उपभोक्ताओं से 1000 से 1100 रुपये वसूलने के बावजूद भी समय से गैस नहीं दी जा रही। आरोप है कि एजेंसी से जुड़े फ्रेंचाइजी केंद्रों पर खुलेआम मनमानी हो रही है।
सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि इन फ्रेंचाइजी केंद्रों पर न तो अग्निशमन की कोई व्यवस्था है और न ही गैस सिलेंडरों के सुरक्षित भंडारण की। आनापुर स्थित फ्रेंचाइजी संचालक द्वारा क्रेशर से महज 50 मीटर की दूरी पर गैस सिलेंडरों का भंडारण किया जा रहा है, जहां हर समय आग और बड़ी दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
इतना ही नहीं, डिलीवरी के नाम पर उपभोक्ताओं से प्रति सिलेंडर 20 रुपये अतिरिक्त वसूले जा रहे हैं, जबकि शासन स्तर पर ऐसा कोई शुल्क निर्धारित नहीं है। उपभोक्ताओं का आरोप है कि एजेंसी मालिक की मनमानी लगातार बढ़ती जा रही है और सिलेंडरों की कालाबाजारी कर उन्हें ब्लैक में बेचा जा रहा है, गोदाम का औचक निरीक्षण किया जाए तो भारी मात्रा में सिलेंडर गोदाम पर नहीं मिलेंगे। वास्तविक उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध नहीं हो पा रही।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सब कुछ अधिकारियों की सेटिंग के सहारे चल रहा है, इसी वजह से शिकायतों के बावजूद न तो जांच होती है और न ही कोई ठोस कार्रवाई। उपभोक्ताओं ने प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि समय पर गैस आपूर्ति सुनिश्चित हो सके और किसी बड़ी दुर्घटना से पहले लापरवाही पर अंकुश लगाया जा सके।





