अवधी खबर संवाददाता
अम्बेडकरनगर।जनपद के विकासखंड कटेहरी में जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को ध्यान में रखते हुए किसानों को जागरूक करने के उद्देश्य से 20 गांवों में परिचयात्मक बैठकों का आयोजन किया गया।
यह कार्यक्रम पानी संस्थान अयोध्या के निर्देशन तथा रोहिणी नीलेकन फिलोनथ्रोपी फाउंडेशन के सहयोग से जन विकास केन्द्र भितरीडीह द्वारा संचालित ‘मौसम परियोजना’ के अंतर्गत आयोजित हुआ।नेनुआ, अंगवल, बिगहिया, चौहानपुर, पिपरिया, रामचौरी, आंतडीह, रामपट्टी, धानेतारा, कदियापुर, पाल्हनलोरपुर, खजूरडीह, रामनगर, बिरतिहांपुर, दान्दूपुर, हरिश्चंद्रपुर, जयसिंहपुर, बुजौलिया, किशुनीपुर और सरखने सहित कुल 20 गांवों में आयोजित इन बैठकों में 300 से अधिक महिला किसानों ने भाग लिया।
कार्यक्रम के दौरान क्लाइमेट वैरियर अनुपम ने प्रतिभागियों के साथ जल बजट खेल के माध्यम से पानी के संतुलित उपयोग की जानकारी दी। क्लाइमेट वैरियर शकुंतला विश्वकर्मा ने जैविक खेती को बढ़ावा देते हुए जीवामृत बनाने की विधि सिखाई।
गुलशनबानो ने बेड विधि से प्याज की रोपाई की तकनीक समझाई, जबकि कुसुम ने कम पानी में बेहतर उत्पादन प्राप्त करने के उपाय बताए। क्लाइमेट वैरियर लीड शकुंतला यादव ने फसल प्रबंधन और खरपतवार नियंत्रण के प्रभावी तरीके साझा किए।
बैठकों को संबोधित करते हुए संस्था की सचिव गायत्री ने कहा कि महिलाओं को कृषि पद्धतियों में सशक्त बनाना और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य है।
मानवाधिकार रक्षक मनोज कुमार ने मृदा परीक्षण, कृषि योजनाओं की जानकारी तथा भूमि की उर्वरा शक्ति बनाए रखने के महत्व पर प्रकाश डाला और उपस्थित किसानों को स्वस्थ भूमि का संकल्प दिलाया।कार्यक्रम को सफल बनाने में निरकला, गुलशन, छोटेलाल, अनुपम, जूही, शिवांगी, पूजा सहित अन्य सहयोगियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।




