
अवधी खबर संवाददाता
राजीव अग्रहरि
कटेहरी( अम्बेडकरनगर ) महाशिवरात्रि के उपलक्ष्य में प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय कटेहरी शाखा की ओर से कटेहरी बाजार प्रतापपुर ,जरूखा निनामपुर में शिवबाबा की बारात सुंदर झांकियों के साथ निकाली गयी। यात्रा में ब्रह्माकुमारी भाई बहन श्वेत वस्त्र में हाथ में शिव ध्वज लिए जयघोष के नारे लगाते हुए चल रहे थे। यात्रा के मध्य में अनेकों जगह शिव बाबा का फूल माला से स्वागत किया गया।

इस अवसर पर अकबरपुर केंद्र के प्रभारी बड़ी दीदी ब्रम्हाकुमारी सोमा दीदी ने कहा कि वर्तमान समय कलियुग का सारा काल ही महारात्रि है। परमात्मा शिव ज्योति बिदु रूप और ज्ञान के सागर हैं। महाशिवरात्रि का त्योहार अज्ञान के अधंकार की रात्रि को समाप्त कर ज्ञान का प्रकाश लाने का यादगार पर्व है। अपने जीवन से वैर अर्थात बुराइयों को शिव पर अर्पित करना ही सच्ची शिव रात्रि मनाना है। सरिता दीदी जी ने कहा हर धार्मिक स्थानो पर अच्छी अच्छी शिक्षाएं मिलती है जो हमारे जीवन मे आ जाए तो हम सबका कल्याण हो जाए। ब्रह्माकुमारीज सेवाकेन्द्रो पर प्रतिदिन भगवान के महावाक्य सुनाए जाते है, जिसे मुरली कहते है। उस मुरली को जीवन मे अपनाना ही सफलता का मंत्र है।
स्थानीय केंद्र प्रभारी ब्रह्मकुमारी सुमन जी ने कहा कि समय बहुत तीव्र गति से आगे जा रहा है। कोई भी श्वास मुनष्य का अंतिम श्वास हो सकता है। यदि यह अमूल्य समय आपने गंवा दिया तो आप को पछताने का मौका भी नहीं मिलेगा। जब दुनिया में चारों ओर घोर अंधियारा छाया होता है तब उसे उजाले की ओर लाने के लिए परमपिता शिव बाबा का अवतरण भारत की पुण्यभूमि पर होता है।
शिव बाबा ज्योति बिदू है और परम धाम के निवासी हैं। मानव मात्र का यह परम कर्तव्य है कि वे शिव जयंती के इस पावन अवसर पर सुखदाता, दुखहर्ता पर अपने जीवन में दुख-अशांति पैदा करने वाले पांच विकारों रूपी अक-धतूरे को अर्पण कर दे भाव यह है कि कोई भी बुराई जो आप को परेशान करती है, उसे आज के दिन छोड़ने का संकल्प करें ।यात्रा के शामिल ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की टीम श्रद्धा दीदी ,शिवनायक ,रामजीत, हरीसंकर, पुष्पा दीदी ,शांति माता सलोनी दीदी ,स्नेहा दीदी,साधन दीदी,विशाल, अंजनी चतुर्वेदी, देवेश चतुर्वेदी, आदि लोग शामिल रहे ।





