अवधी खबर संवाददाता
सुल्तानपुर।
जनपद सुल्तानपुर की जयसिंहपुर तहसील क्षेत्र के ग्राम गोपी का पुरवा बरौसा स्थित राधा-कृष्ण मंदिर में प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी भव्य संगीतमयी श्रीराम कथा का आयोजन किया जा रहा है। यह धार्मिक आयोजन आश्रम बौरा, जगदीशपुर के संस्थापक पूज्य संत दयारामदास महाराज के सानिध्य में संपन्न हो रहा है, जिसमें दूर-दूर से श्रद्धालु पहुंचकर राम कथा का रसपान कर रहे हैं।
कथा व्यास अयोध्या धाम से पधारे डॉ. अशोकाचार्य महाराज ने अपनी अमृतमयी वाणी से श्रद्धालुओं को सत्य और धर्म का महत्व बताया। उन्होंने कहा कि इस संसार में सत्य से बढ़कर कोई धर्म नहीं है। राजा हरिश्चंद्र के उदाहरण का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि सत्य की रक्षा के लिए उन्होंने अपना सर्वस्व त्याग दिया, लेकिन सत्य का मार्ग नहीं छोड़ा।
वहीं लखनऊ क्षेत्र से आईं कथावाचक नंदिनी रामायण जी ने राम कथा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जो व्यक्ति राम कथा का श्रवण नहीं करता, वह जीवन के वास्तविक मार्ग से भटक जाता है। उन्होंने सती जी के प्रसंग का वर्णन करते हुए कहा कि राम कथा के महत्व को न समझने का परिणाम उन्हें अपने शरीर का त्याग कर भुगतना पड़ा।
पूज्य संत दयारामदास महाराज ने बताया कि गोपी का पुरवा में यह श्रीराम कथा पिछले सात वर्षों से निरंतर आयोजित की जा रही है। क्षेत्र के भक्तों और श्रद्धालुओं के सहयोग से कथा स्थल पर श्रद्धालुओं के लिए विशाल भंडारे की भी व्यवस्था की गई है।
उन्होंने बताया कि 14 मार्च 2026 को कथा समापन के अवसर पर विशाल भंडारे का आयोजन होगा, जिसमें सभी श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरण किया जाएगा।
इस अवसर पर अनिल शुक्ला, विनय शुक्ला, बुद्धू शुक्ला, राजू शुक्ला, रामजी शुक्ला, किशोरीलाल मोदनवाल, नंदलाल अग्रहरि, संतोष अग्रहरि, बड़काऊ शुक्ला सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं भक्तगण उपस्थित रहे।




