अवधी खबर संवाददाता
अंबेडकरनगर।
आशा व आशा संगिनी कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ जोरदार आवाज बुलंद करते हुए कहा कि अब प्रोत्साहन आधारित भुगतान व्यवस्था नहीं चलेगी। कार्यकर्ताओं ने अपनी प्रमुख मांग रखते हुए साफ कहा कि उन्हें निश्चित मानदेय दिया जाए।
₹18,000 और ₹24,000 मानदेय की मांग
आशा कार्यकर्ताओं ने प्रति माह न्यूनतम ₹18,000 और आशा संगिनी कार्यकर्ताओं ने न्यूनतम ₹24,000 नियमित मानदेय की मांग की। उन्होंने कहा कि यह उनकी मेहनत, बढ़ती महंगाई और लंबे सेवाकाल के अनुरूप है।
सामाजिक सुरक्षा व स्थायीकरण पर जोर
कार्यकर्ताओं ने सभी आशाओं और संगिनियों को पेंशन, PF, ESI जैसी सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ने और संविदा पर कार्यरत आशाओं को नियमित कर स्थायी कर्मचारी का दर्जा देने की मांग की।
सुरक्षा, सम्मान और समय पर भुगतान
उन्होंने कार्यस्थल पर सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित करने, दुर्व्यवहार करने वालों पर सख्त कार्रवाई करने और मानदेय का समय पर भुगतान अनिवार्य करने पर जोर दिया।
प्रशिक्षण और संसाधन
आशा कार्यकर्ताओं ने यह भी मांग की कि उन्हें आधुनिक चिकित्सा उपकरणों व तकनीक का प्रशिक्षण दिया जाए और कार्यों के लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएं।





