प्रमोद कुमार वर्मा
अम्बेडकरनगर (अवधी खबर)।
जनपद अंबेडकरनगर में राजस्व विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पूरा मामला तहसील भीटी क्षेत्र के ग्रामसभा हरिनाथपुर लोढवा के मजरे अभयचंद्रपुर का है, जहां भूमि गाटा संख्या-97 से जुड़े विवाद में शिकायतकर्ता ने लेखपाल पर मनगढ़ंत रिपोर्ट लगाकर जिलाधिकारी को गुमराह करने का आरोप लगाया है।
जानकारी के अनुसार, जिलाधिकारी को दिए गए जनता दर्शन शिकायती पत्र पर एसडीएम भीटी को आदेशित किया गया था कि राजस्व टीम गठित कर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। लेकिन शिकायतकर्ता राकेश का कहना है कि कब्जा और पैमाइश संबंधी मामले में अभी तक कोई निष्पक्ष निस्तारण नहीं हुआ। आरोप है कि विपक्षी के दबाव में आकर लेखपाल राम चरण दूबे लगातार गलत रिपोर्ट भेज रहे हैं। रिपोर्ट तैयार करने के दौरान न तो पीड़ित से कोई संपर्क किया गया और न ही उसकी बात सुनी गई।
पीड़ित का आरोप है कि विपक्षी रामचंदर, जिसका गाटा संख्या 92 गाटा 97 से सटा हुआ है, जबरन खेत से रास्ता मांग रहा है। रास्ता न देने पर बुवाई और जुताई करने से रोककर दबंगई दिखाई जा रही है, वहीं लेखपाल भी विपक्षी का साथ दे रहे हैं।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि लेखपाल द्वारा तैयार स्पॉट मेमो में ऐसे कई लोगों के नाम व हस्ताक्षर शामिल किए गए हैं, जो गांव के निवासी ही नहीं हैं। वहीं वास्तविक ग्रामीणों को इस बात की जानकारी तक नहीं कि उनके नाम से किसने हस्ताक्षर किए।
ग्रामीणों ने इसे गंभीर लापरवाही बताते हुए कहा कि लेखपाल का यह कृत्य न सिर्फ आमजन के अधिकारों का हनन है बल्कि उच्च अधिकारियों को भी गुमराह करने का प्रयास है।
पीड़ित पक्ष ने जिलाधिकारी से मांग की है कि पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराई जाए और फर्जी रिपोर्ट लगाने वाले लेखपाल के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।





